ताइवान ने अमेरिका से मिले ‘हाई मोबिलिटी आर्टिलरी रॉकेट सिस्टम’ का इस्तेमाल पहले भी किया गया है लेकिन इस बार आक्रामकता देखी गई है। यह दिखाने की कोशिश है कि हम चीनी हमले का मुकाबला कैसे कर सकत हैं।
ताइपे: ताइवान ने अपनी सैन्य ताकत का प्रदर्शन करते हुए चीन की ओर अमेरिका से मिले रॉकेट (HIMARS) दागे हैं। ताइवान ने दो दिन की एक्सरसाइज में शूट एंड स्कूट (दागो और भागो) मोबाइल लॉन्चर का इस्तेमाल किया है। यह अभ्यास खासतौर से ताइवान जलडमरूमध्य (स्ट्रेट) के आसपास केंद्रित था। यह स्ट्रेट ही ताइवान को को चीन से अलग करता है। एक्सपर्ट का कहना है कि ताइवानी सेना का अभ्यास यह दिखाने की कोशिश है कि वे चीनी हमले का जवाब दे सकते हैं। यह अभ्यास चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग की चिंता बढ़ा सकता है।
अमेरिका से मिले HIMARS सिस्टम का कई बार टेस्ट हो चुका है लेकिन हालिया लाइव-फायर में पहली बार इसके रॉकेट ताइवान जलडमरूमध्य के पानी में दागे गए। ताइवान सेना के सार्जेंट वांग मिंग-हुयी ने कहा है कि दुश्मन से मौजूदा खतरे को देखते हुए हम मजबूत सेना के तौर पर ताइवान की रक्षा के लिए पूरे संकल्प के साथ HIMARS की ट्रेनिंग जारी रखेंगे।
